शिक्षक होते भाग्य विधाता, मात-पिता जस है यह नाता – मोहन द्विवेदी
सलेमपुर (देवरिया)। नगर पंचायत सलेमपुर स्थित प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थान जी.एम. एकेडमी में शिक्षक दिवस हर्षोल्लास और गरिमापूर्ण वातावरण में मनाया गया। विद्यालय परिसर को आकर्षक ढंग से सजाया गया था। विद्यार्थियों ने अपने शिक्षकों से आशीर्वाद लिया और उपहार भेंट कर सम्मान व्यक्त किया।
सरस्वती वंदना और दीप प्रज्वलन से हुआ शुभारंभ
कार्यक्रम का शुभारंभ प्रधानाचार्य मोहन द्विवेदी ने मां सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण, दीप प्रज्वलन और डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित कर किया। इसके बाद विद्यार्थियों ने सरस्वती वंदना और गणेश वंदना प्रस्तुत कर कार्यक्रम की शुरुआत की।


सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने बांधा समां
शिक्षक दिवस को यादगार बनाने के लिए बच्चों ने गुरुभक्ति पर आधारित एक से बढ़कर एक प्रस्तुतियां दीं। विद्यालय के नन्हे-मुन्ने विद्यार्थियों ने शिक्षक, विद्यार्थी और अभिभावकों के संबंधों पर आधारित नाट्य प्रस्तुति दी, जिसकी सभी ने खूब प्रशंसा की।

कक्षा 8 की अंकिता पांडेय और कक्षा 11 की छाया ने शिक्षक की महत्ता तथा गुरु-शिष्य संबंधों पर सारगर्भित भाषण देकर खूब वाहवाही बटोरी। जया शुक्ला और आराध्या के एकल नृत्य, अष्टमी एवं समूह के समूह नृत्य तथा कक्षा सातवीं के विद्यार्थियों के मैशअप डांस ने उपस्थित दर्शकों को भाव-विभोर कर दिया। मुन्ना चौहान की रंगोली और साधना मिश्रा के गीत की भी सबने सराहना की।





इस अवसर पर वरिष्ठ शिक्षकों – रवि शंकर त्रिपाठी, परमानंद गोस्वामी, डी. मिश्रा, ज्ञानेंद्र मिश्र और आशुतोष तिवारी ने विद्यार्थियों को सही मार्ग पर चलने की प्रेरणा दी।
प्रधानाचार्य ने कहा – शिक्षक होते हैं भाग्य विधाता
सांस्कृतिक कार्यक्रमों के बाद प्रधानाचार्य मोहन द्विवेदी ने सभी शिक्षकों को उपहार भेंट कर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन का जीवन शिक्षा, संस्कार और आदर्शों के प्रति समर्पण का प्रेरणास्रोत है।


अपने संबोधन में उन्होंने कविता के अंदाज में कहा –
“शिक्षक होते भाग्य विधाता, मात पिता जस है यह नाता” अर्थात् शिक्षक होने के नाते हमारा धर्म है कि एक माता-पिता जैसे हम इन बच्चों को समुचित दिशा देते हुए उनका उचित मार्गदर्शन करते हुए उसके सर्वांगीण विकास में सहयोग कर राष्ट्र निर्माण हेतु सदैव तत्पर रहें।
उन्होंने विद्यार्थियों से शिक्षकों का सम्मान करने और उनके मार्गदर्शन का अनुसरण करने का आह्वान किया।
चेयरमैन ने भेजी शुभकामनाएं
विद्यालय के चेयरमैन डॉ. श्री प्रकाश मिश्र एवं निदेशिका डॉ. संभावना मिश्रा व्यस्तता के कारण कार्यक्रम में उपस्थित नहीं हो सके, परंतु सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं को उपहार भेजकर शिक्षक दिवस की बधाई दी और राष्ट्र के प्रति एक जिम्मेदार गुरु बनते हुए राष्ट्रनिर्माण में निरंतर सहयोग देते रहने का निर्देश दिया।



कार्यक्रम का कुशल संचालन प्रमोद कुमार यादव, एस.के. गुप्ता, अनन्या तिवारी और मेधा मिश्रा ने किया। अंत में विद्यार्थियों के बीच मिठाइयों का वितरण किया गया और गुरु के प्रति सम्मान और आत्मीयता के बीच समारोह का समापन हुआ।
