अंधकार पर प्रकाश तथा अज्ञानता पर ज्ञान की जीत का पर्व है दीपावली– मोहन द्विवेदी
सलेमपुर। नगर पंचायत सलेमपुर के अग्रणी विद्यालय जी.एम. एकेडमी सीनियर सेकेंडरी स्कूल में दीपावली की पूर्व संध्या पर रंगोली प्रतियोगिता एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन बड़े ही हर्षोल्लास और रचनात्मकता के साथ किया गया। इस दौरान पूरा विद्यालय प्रांगण दीपोत्सव की भावना से सराबोर हो उठा।
कार्यक्रम का शुभारंभ विद्यालय के प्रधानाचार्य मोहन द्विवेदी द्वारा माँ सरस्वती की प्रतिमा पर दीप प्रज्ज्वलन एवं पुष्पांजलि अर्पित कर किया गया। सरस्वती वंदना से पूरा प्रांगण भक्तिमय हो गया।

विद्यालय में आयोजित रंगोली प्रतियोगिता दो चरणों में संपन्न हुई। पहले चरण में कक्षा नर्सरी से चौथी तक के नन्हे-मुन्ने बच्चों ने पारंपरिक और धार्मिक डिजाइन बनाकर अपनी सृजनशीलता दिखाई।
दूसरे चरण में कक्षा पाँचवी से बारहवीं तक के छात्रों ने अपनी कल्पनाशक्ति और कला-कौशल से विद्यालय को रंगों की दुनिया में बदल दिया।


दोनों चरणों में बच्चों में रंगोली प्रतियोगिता को लेकर बड़ा उत्साह देखने को मिला। किसी ने माँ लक्ष्मी और गणेश की भव्य आकृति बनाई, तो किसी ने माँ काली, तो किसी ने पर्यावरण संरक्षण, सोशल मीडिया जागरूकता और मोबाइल फोन के दुष्प्रभाव जैसे सामाजिक विषयों पर संदेश देती रंगोलियाँ प्रस्तुत की। खेल प्रतियोगिता में शामिल बच्चों ने भी खेल भावना को अपनी रंगोली में प्रस्तुत किया।
रंगोली प्रतियोगिता एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन एक ही दिन किया गया। सांस्कृतिक कार्यक्रमों में छात्रों ने दीपावली थीम पर आधारित नृत्य प्रस्तुत किए।

नर्सरी और एलकेजी के दिव्यांश व समूह ने “आज की पार्टी मेरी तरफ से” गाने पर सुंदर नृत्य प्रस्तुत किया। यू.के.जी. की इशिका व समूह ने “आया रे आया रे बप्पा मोर्या” गाने पर मनमोहन नृत्य प्रस्तुत किया।
कक्षा तीसरी और चौथी की श्रेयांशी और उसके समूह ने “राम आएंगे” गाने पर नृत्य कर प्रांगण को राममय बना दिया। कक्षा तीसरी की आरुषि ने एकांकी नृत्य प्रस्तुत किया, जिसकी सराहना उपस्थित शिक्षकों ने की और छात्रों ने तालियों की गड़गड़ाहट से प्रांगण को गूँजा दिया।

कक्षा तीन एवं चार के आयांश एवं समूह ने “हैप्पी दिवाली” गाने पर मनमोहन डांस प्रस्तुत किया। कक्षा चार की प्रियांशी एवं समूह ने डांस कर सबका मन मोह लिया।
दूसरे चरण में कक्षा पांच से कक्षा आठ के छात्रों की प्रस्तुतियाँ
दूसरे चरण में कक्षा पाँच से आठवीं तक के छात्रों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया। कार्यक्रम के प्रारंभ में कक्षा छठी ‘ब’ की कुंजल एवं समूह ने “जश्न दिवाली मनाओ” प्रस्तुति से सबका मन मोह लिया।





कक्षा छठी ‘अ’ के निशा एवं समूह ने “गोकुलधाम की दिवाली” गाने पर सुंदर नृत्य प्रस्तुत किया, जिसकी सभी ने सराहना की।
कक्षा पाँचवी ‘ब’ की अदिति एवं समूह ने “दिवाली आई रे” गाने पर नृत्य किया, जिसकी तालियों की गड़गड़ाहट से प्रोत्साहन मिला।
सृष्टी एवं समूह ने रामायण आधारित नृत्य-नाट्य प्रस्तुत कर सबका मन मोह लिया। कार्यक्रम के अंत में कक्षा आठवीं की अनुष्का ने राजस्थानी एकल नृत्य प्रस्तुत कर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।


प्रधानाचार्य ने दिया ‘कर्म ही पूजा है’ का संदेश
कार्यक्रम के समापन पर प्रधानाचार्य मोहन द्विवेदी ने छात्रों को दीपावली, छठ पूजा और चित्रगुप्त जयंती की ढेर सारी शुभकामनाएं दीं।
उन्होंने कहा कि ‘कर्म ही पूजा है’ — मन लगाकर पढ़ना, माता-पिता और गुरुजनों का सम्मान करना और अपने कर्तव्य को ईमानदारी से निभाना ही सच्ची पूजा है।

उन्होंने बच्चों से दीपावली को साफ-सुथरी, सुरक्षित और पर्यावरण के अनुकूल तरीके से मनाने, पटाखों से बचने और मोबाइल का सही उपयोग करने की अपील की।
विद्यालय के चेयरमैन डॉ. श्री प्रकाश मिश्र एवं डॉ. संभावना मिश्रा ने समस्त शिक्षण एवं शिक्षणेत्तर कर्मचारियों हेतु प्रधानाचार्य के माध्यम से मिठाइयां भेजकर अपनी मंगल कामनाएं प्रेषित की।
प्रधानाचार्य मोहन द्विवेदी ने शिक्षकों एवं समस्त स्टाफ को दिवाली का गिफ्ट देकर अपनी शुभकामनाएं एवं बधाइयां दीं। उन्होंने कहा कि विद्यालय की सफलता में शिक्षकों और समस्त स्टाफ का महत्वपूर्ण योगदान है, और सभी के सहयोग से ही विद्यालय लगातार आगे बढ़ रहा है। इस अवसर पर सभी छात्र, छात्राओं, शिक्षकों और कर्मचारियों के चेहरों पर दीपोत्सव की खुशी स्वत: परिलक्षित होती मिली।
